गोदियाल का हमला: भाजपा सरकार में विधायक ही असुरक्षित, जनता की सुरक्षा पर सवाल
देहरादून: प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष गणेश गोदियाल ने प्रदेश मुख्यालय में आयोजित प्रेस वार्ता के दौरान राज्य सरकार पर गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने कहा कि वह पिछले तीन दिनों से एक महत्वपूर्ण विषय पर राज्यपाल से समय मांग रहे थे, लेकिन उन्हें समय नहीं दिया गया। ऐसे में उन्होंने यह मुद्दा मीडिया के माध्यम से जनता और सरकार के सामने रखने का निर्णय लिया। गोदियाल ने बताया कि सोशल मीडिया पर एक कथित पत्र वायरल हो रहा है, जिसने सरकार की कार्यप्रणाली पर कई सवाल खड़े कर दिए हैं।
उन्होंने दावा किया कि यह पत्र गदरपुर से भाजपा विधायक अरविंद पांडे द्वारा उनके आधिकारिक लेटरपैड पर लिखा गया है, जिस पर उनके हस्ताक्षर भी हैं। हालांकि पत्र में जिस व्यक्ति को संबोधित किया गया है, उसका नाम काले रंग से मिटाया गया है, लेकिन प्रयुक्त भाषा से संबोधित व्यक्ति का संकेत मिलता है। उन्होंने कहा कि पत्र में लगाए गए आरोप बेहद गंभीर हैं और इसकी निष्पक्ष जांच न्यायिक निगरानी में कराना आवश्यक है, ताकि प्रदेश की जनता का विश्वास कायम रह सके।
गोदियाल के अनुसार, पत्र में आरोप लगाया गया है कि मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी पिछले चार वर्षों से विधायक पांडे के खिलाफ षड्यंत्र कर रहे हैं। साथ ही 13 मार्च 2025 को बाजपुर थाने में उनके खिलाफ फर्जी मुकदमा दर्ज कराने और 20 जनवरी 2026 को परिवारजनों पर जमीन कब्जाने का झूठा मामला दर्ज कराने का भी जिक्र किया गया है। पत्र में यह भी आरोप है कि कुछ पुलिस अधिकारियों के माध्यम से पांडे और उनके परिवार पर दबाव बनाया जा रहा है। वहीं, खनन और स्टोन क्रशर से जुड़े कुछ लोगों को भी उनके खिलाफ लगाया गया है।
गोदियाल ने कहा कि कुछ मीडिया कर्मियों के जरिए उनके खिलाफ भ्रामक खबरें फैलाकर राजनीतिक दबाव बनाने की कोशिश की जा रही है। गोदियाल ने आगे आरोप लगाया कि एक कुख्यात अपराधी सुखदेव सिंह नामधारी, जो पोंटी चड्ढा और हरदीप चड्ढा हत्याकांड में दोषी पाया गया था और फिलहाल मामला उच्चतम न्यायालय में विचाराधीन है, उसके संबंध प्रदेश के शीर्ष नेतृत्व से जुड़े होने की बात सामने आ रही है। उन्होंने कहा कि पत्र में उल्लेख है कि ऐसे व्यक्ति के साथ मिलकर विधायक के खिलाफ प्रेस कॉन्फ्रेंस कराई गई और उनके निष्कासन की झूठी सूचना फैलाई गई।
साथ ही उसके पुत्र को दायित्वधारी राज्यमंत्री बनाए जाने का भी आरोप लगाया गया है। गोदियाल ने मांग की कि पत्र की सत्यता की जांच न्यायिक निगरानी में कराई जाए। उन्होंने कहा कि शहीदों के बलिदान से बने इस प्रदेश को अपराधियों के हवाले नहीं किया जा सकता। यदि एक विधायक ही स्वयं को असुरक्षित महसूस कर रहा है, तो आम जनता की स्थिति का अंदाजा लगाया जा सकता है। प्रेस वार्ता में बद्रीनाथ विधायक लखपत सिंह बुटोला, महिला कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष ज्योति रौतेला, प्रवक्ता डॉ. प्रतिमा सिंह, अभिनव थापर, मंजू त्रिपाठी और अमरेंद्र बिष्ट सहित अन्य कार्यकर्ता मौजूद रहे।
