कृषि, सड़क और रोजगार पर फोकस: ₹7173 लाख की विकास योजना तैयार
पिथौरागढ़। जनपद में वर्ष 2026–27 के लिए ₹7173.70 लाख की जिला योजना को अंतिम रूप देते हुए समग्र विकास का रोडमैप तैयार किया गया है। प्रभारी मंत्री रेखा आर्या की अध्यक्षता में आयोजित जिला योजना समिति की बैठक में इस योजना को अनुमोदन प्रदान किया गया। योजना में पारंपरिक निर्माण कार्यों के साथ-साथ आजीविका संवर्धन एवं स्वरोजगार को विशेष प्राथमिकता दी गई है।
स्वीकृत परिव्यय में सामान्य मद हेतु ₹5035.60 लाख, अनुसूचित जाति उपयोजना (SCSP) हेतु ₹1712.40 लाख तथा जनजाति उपयोजना (TSP) हेतु ₹425.70 लाख का प्रावधान किया गया है। बैठक प्रारंभ होने से पूर्व प्रभारी मंत्री को पुलिस टुकड़ी द्वारा गार्ड ऑफ ऑनर दिया गया तथा जिलाधिकारी श्री आशीष कुमार भटगांई ने बुके भेंट कर उनका स्वागत किया।
जिला योजना के अंतर्गत कृषि, उद्यान, पशुपालन, डेयरी, मत्स्य पालन एवं सहकारिता क्षेत्रों में बजट बढ़ाया गया है, जिससे स्थानीय स्तर पर रोजगार के अवसर सृजित होंगे और ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलेगी। योजना में शामिल प्रमुख कार्यों में ग्राम पंचायतों में चेन लिंक फेंसिंग, महिला स्वयं सहायता समूहों के सशक्तिकरण, बकरी पालन एवं कुक्कुट पालन योजनाएं, नई सड़कों एवं पुल-पुलियों का निर्माण, मार्गों का पुनर्निर्माण, पेयजल योजनाओं का विस्तार, पर्यटन एवं सांस्कृतिक धरोहरों का संरक्षण तथा बागवानी विकास शामिल हैं।
जिला योजना को भौतिक, सामाजिक, आजीविका एवं अन्य क्षेत्रों में संतुलित रूप से विभाजित किया गया है। भौतिक क्षेत्र में सड़क, पेयजल, सिंचाई एवं ऊर्जा पर विशेष ध्यान दिया गया है, जबकि सामाजिक क्षेत्र में शिक्षा, स्वास्थ्य, खेल एवं युवा कल्याण को प्राथमिकता दी गई है। आजीविका क्षेत्र में रोजगार आधारित योजनाओं को बढ़ावा देने पर विशेष जोर दिया गया है।
मुख्य चिकित्सा अधिकारी द्वारा अवगत कराया गया कि महिला अस्पताल में लिफ्ट स्थापना का प्रस्ताव भी योजना में शामिल है, जिसे बजट प्राप्त होते ही प्रारंभ कर वर्ष के अंत तक पूर्ण किया जाएगा। प्रभारी मंत्री ने निर्देश दिए कि योजनाओं को क्लस्टर आधारित दृष्टिकोण एवं केंद्र और राज्य सरकार की योजनाओं के समन्वय के साथ प्रभावी रूप से लागू किया जाए। साथ ही, अधूरे एवं प्रचलित कार्यों को प्राथमिकता के आधार पर शीघ्र पूर्ण करने के निर्देश भी दिए गए।
बैठक में जनप्रतिनिधियों एवं विभिन्न विभागों के अधिकारियों ने प्रतिभाग किया तथा जनहित में योजनाओं के प्रभावी एवं पारदर्शी क्रियान्वयन पर जोर दिया गया।
